: ध्वनि विस्तारक यंत्रों का उपयोग रात्रि 10 बजे से सुबह 6 बजे तक प्रतिबंधित
Mon, Oct 9, 2023
सक्ती जिले मे विधानसभा आम चुनाव 2023 09 अक्टूबर 2023 को भारत निर्वाचन आयोग द्वारा निर्वाचन की घोषणा किये जाने से आचार संहिता प्रभावशील हो गया है। कलेक्टर एवं जिला दण्डाधिकारीे श्रीमती नूपुर राशि पन्ना ने कोलाहल नियंत्रण अधिनियम 1985 की धारा 4 अतंर्गत प्रदत्त शक्तियों का प्रयोग करते हुए रात्रि 10 से प्रातः 06 बजे तक ध्वनि विस्तारक यंत्रों का चलाया जाना अथवा चलवाया जाना पूर्ण रूप से निषिद्ध किया है। यह आदेश आज दिनांक से चुनाव पक्रिया होने अथार्त दिनांक 05 दिसम्बर 2023 तक संपूर्ण सक्ती राजस्व जिले में प्रभावशील रहेगा।
सभी राजनैतिक दल उनके कार्यकर्ता तथा उनसे सहानुभूति रखने वाले व्यक्ति अपने दल के प्रचार-प्रसार के लिये लाउडस्पीकरों का प्रयोग करते हैं। इन लाउडस्पीकरों का प्रयोग न केवल स्थाई मंच से होता है बल्कि वाहनों यथा ट्रक, टेम्पों, कारें, टैक्सियों, वेन, तिपहिया, स्कूटर, साइकिल, रिक्शा आदि पर होते है। ये वाहन सभी सड़कों, गलियों, उप गलियों पर चलते है और गांवों, बस्तियों, मोहल्लों, कालोनियों में भी बहुत ऊंची आवाज पर लाउडस्पीकरों से प्रसारण करते हुए जाते है। इससे ध्वनि प्रदुषण होता है और आम जनता की शांति व प्रशांति में बहुत बाधा उत्पन्न होती हैं। लाउडस्पीकरों की ऊंची आवाज के प्रयोग से विद्यार्थी वर्ग विशेष रूप से अशांत हो जाते है, क्योंकि उनकी पढ़ाई बुरी तरह से प्रभावित होती है और चूंकि लाउडस्पीकर पर बहुत सुबह शोरगुल करना शुरू कर देते हैं और पूरा दिन इससे वृद्ध दुर्बल और बीमार चाहे वे किसी भी संस्था, अस्पताल आदि में हो या घर में हो, उन्हें बहुत बेचैनी होती है।
निर्वाचन अवधि में लाउडस्पीकरों के प्रयोग को पूर्ण रूप से रोका नहीं जा सकता क्योंकि लाउडस्पीकर निर्वाचन प्रचार के एवं जन समूह संप्रेषण के साधनों में से एक साधन है, लेकिन इसके साथ-साथ विषम समय एवं विषम स्थान पर लाउडस्पीकर के अविवेक पूर्ण तथा ऊंचे स्वरों पर अव्यवहारिक प्रयोग जिसकी शांति एवं अशांति पर कुप्रभाव पडता हो एवं सामान्यतः जन सामान्य एवं विशेषतः रोगियों एवं विद्यार्थी समुदाय की बेचैनी का कारण हो, की अनुमति नहीं दी जा सकती है। अतएव कलेक्टर एवं जिला दंडाधिकारी ने श्रीमती नूपुर राशि पन्ना ने कोलाहल नियंत्रण अधिनियम 1985 की धारा 4 के तहत रात्रि 10 से प्रातः 06 बजे तक ध्वनि विस्तारक यंत्रों का चलाया जाना अथवा चलवाया जाना पूर्ण रूप से निषिद्ध किया है।
चुनावी सभा, रैली, सभी प्रकार के वाहन पर चुनाव प्रचार हेतु ध्वनि विस्तारक यंत्र लगाने के लिए संबंधित क्षेत्र के अनुविभागीय दण्डाधिकारी से लिखित पूर्वानुमति प्राप्त करना अनिवार्य होगा। ये अधिकारी प्रातः 06 बजे से रात्रि 10 बजे के मध्य प्रतिबंध आदेश में छूट प्रदान कर सकेंगे। परन्तु शैक्षणिक संस्थाओं, चिकित्सालयों व नर्सिंग होम, न्यायालय परिसर, शासकीय कार्यालय, छात्रावास, नगर पालिका परिषद, जनपद पंचायत एवं किसी भी स्थानीय निकाय कार्यालयों, बैंकों, पोस्ट ऑफिस, दूरभाष केन्द्र आदि कार्यालयों से 200 मीटर की दूरी के भीतर ध्वनि विस्तारक यंत्रों का उपयोग पूर्णतः प्रतिबंधित रहेगा।
ध्वनि विस्तारक यंत्रों का उपयोग चुनाव प्रसार करने के लिए वाहनों पर और चुनावी सभाओं में प्रातः 06 बजे से रात्रि 10 बजे तक ही किया जा सकेगा, किन्तु ऐसे ध्वनि विस्तारक यंत्र साधारण किस्म के होंगे और मध्यम आवाज में ही चलाये जायेंगे। यह आदेश आज दिनांक 09 अक्टूबर 2023 से चुनाव प्रक्रिया समाप्त होने अर्थात दिनांक 05 दिसंम्बर 2023 तक सक्ती राजस्व जिले में प्रभावशील रहेगा।
: कलेक्टर और एसपी ने ली राजनीतिक दलों के प्रतिनिधियों की बैठक
Mon, Oct 9, 2023
सक्ती कलेक्टर एवं जिला निर्वाचन अधिकारी श्रीमती नूपुर राशि पन्ना और पुलीस अधीक्षक श्री एम आर आहिरे ने राजनीतिक दलों के प्रतिनिधियों की बैठक ली। बैठक में आदर्श आचार सहीता लागु होने सहीत विधानसभा निर्वाचन 2023 के नाम निर्देशन से लेकर निर्वाचन आयोग के विभिन्न दिशा निर्देशों की जानकारी दी गई।
बैठक में राजनीतिक दलों को चुनावी बैठक, रैली, जुलूस तथा अन्य कार्यक्रम के लिए निर्वाचन आयोग के दिशा निर्देशों के अनुरूप अनुमति लेना अनिवार्य होगा के बारे मंे बताया गया। इसके साथ ही राजनीतिक दलों को सुविधा एप की जानकारी भी दी गई।बैठक में पुलीस अधिक्षक ने बताया की निर्वाचन आयोग के निर्देशानुसार आचार सहिता के दौरान नाकाबंदी, पुलीस चेकीग सहीत अन्य गतिविघियों की जानकारी देतें हुए राजनितिक दलों, मीडिया प्रतिनिधियों आदि के लियें निर्वाचन आयोग द्वारा जारी गाईड लाईन्स की जानकारी भी दी गई। उन्होंने कहा की स्वतंत्र, शाति पुर्ण और निष्पक्ष चुनाव कराने के लिये प्रशासन प्रतिबध है। इस अवसर पर अपर कलेक्टर श्री विरेन्द्र कुमार लकड़ा, उप जिला निर्वाचन अधिकारी श्री बालेश्वर राम सहित संबंधित अधिकारी कर्मचारी उपस्थित थे।
: विधानसभा आम निर्वाचन 2023, सक्ती जिले में धारा-144 लागू
Mon, Oct 9, 2023
सक्ती भारत निर्वाचन आयोग द्वारा विधानसभा आम चुनाव-2023 के लिये 9 अक्टूबर 2023 को घोषणा किये जाने से आदर्श आचरण संहिता प्रभावशील हो गया है। जिले में लोक परिशांति बनाये रखने तथा निर्वाचन प्रक्रिया एवं मतदान निर्विघ्न निष्पक्ष एवं शांतिपूर्ण ढंग से सम्पन्न कराने हेतु अन्य उपायों के साथ-साथ प्रतिबंधात्मक उपाय भी आवश्यक है।जिसके लियें कलेक्टर एवं जिला दण्डाधिकारी श्रीमती नूपुर राशि पन्ना जिला- सक्ती, द्वारा दण्ड प्रक्रिया संहिता की धारा 144 (1) के अंतर्गत प्रदत्त शक्तियों का प्रयोग करते हुए विभिन्न अवश्यक प्रतिबंधात्मक निषेधाज्ञा आदेश जारी किया गया है।
जारी आदेशानुसार सक्ती जिले के अंदर कोई भी व्यक्ति किसी भी प्रकार का घातक अस्त्र-शस्त्र यथा बन्दूक, रायफल, भाला, बल्लम, बरछा, लाठी एवं अन्य प्रकार के घातक हथियार तथा विस्फोटक सामग्री लेकर किसी भी सार्वजनिक स्थान, आम सड़क, रास्ता, सार्वजनिक सभाओं एवं अन्य स्थानों पर नहीं चलेगा। कोई भी राजनैतिक दल या अभ्यर्थी सशस्त्र जुलूस नहीं निकालेगा और न ही आपत्तिजनक पोस्टर वितरित करेगा। यह आदेश उन शासकीय अधिकारियों / कर्मचारियों पर लागू नहीं होगा, जिन्हें अपने कार्य सम्पादन के लिये लाठी या शस्त्र रखना आवश्यक है। यह आदेश उन शासकीय कर्मचारियों पर भी लागू नहीं होगा, जिन्हें चुनाव व मतदान के दौरान कानून व्यवस्था बनाये रखने के लिए पुलिस अधिकारी नियुक्त किया गया है। यह आदेश उन व्यक्तियों पर भी लागू नहीं होगा, जिन्हें शारीरिक दुर्बलता वृद्धावस्था तथा लंगड़ापन होने के कारण सहारे के रूप में लाठी रखना आवश्यक होता है।
उक्त आदेश का उल्लंघन करने वाले व्यक्ति या दल भारतीय दण्ड विधान की धारा 188 के अंतर्गत दण्डनीय होगें। प्रकरण के तथ्यों एवं परिस्थितियों को देखते हुए इस आदेश के संबंध में संबंधितों को सूचना पत्र जारी कर सुनवाई, सम्यक रूप से सम्भव नहीं हैं, अतः दण्ड प्रक्रिया संहिता की धारा 144 की उपधारा (2) के अंतर्गत यह आदेश एक पक्षीय पारित किया जाता है। यह आदेश तत्काल प्रभाव से निर्वाचन प्रक्रिया समाप्ति तक सम्पूर्ण सक्ती जिले में प्रभावशील रहेगा।